आमवातारि रस Amavatari Ras Detail and Uses in Hindi

आमवातारि रस एक रस-औषधि है जिसमें रस, पारा है। पारे को ही आयुर्वेद में रस या पारद कहा जाता है और बहुत सी दवाओं के निर्माण में प्रयोग किया जाता है। पारा एक विषाक्त धातु है और इसे आयुर्वेद में केवल सही प्रकार से शोधित कर के ही इस्तेमाल किया जाता है। रस औषधियां शरीर पर शीघ्र प्रभाव डालती हैं। इन्हें डॉक्टर की देख-रेख में ही लेना सही रहता है।

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आमवातारि रस का प्रयोग बहुत से वात-रोगों के उपचार में होता है। इसका सेवन जोड़ों की जकड़न, दर्द, सूजन आदि में आराम देता है। आमवात आयुर्वेद में रयूमेटोइड आर्थराइटिस को कहा जाता है और आमवातारि रस इसकी अच्छी औषधि है।

Amavatari Ras is a herbo-mineral Ayurvedic medicine. It is indicated in treatment of rheumatism, arthritis, joint swelling, stiffness and pain. Here is given more about this medicine, such as indication/therapeutic uses, Key Ingredients and dosage in Hindi language.

आमवातारि रस के घटक Ingredients of Amavatari Ras

शुद्ध पारा १२ ग्राम, शुद्ध गंधक २४ ग्राम, त्रिफला ३६ ग्राम, चित्रकमूल की छाल ४८ ग्राम, शुद्ध गुगुल्लू ६० ग्राम, भावना द्रव्य: अरंड का तेल।

आमवातारि रस के चिकित्सीय उपयोग Uses of Amavatari Ras

  1. आर्थराइटिस Osteoarthritis
  2. आमवात या रयूमेटीज्म Rheumatoid arthritis
  3. साइटिका Sciatica
  4. पक्षाघात Paralysis
  5. दूसरे वात रोग Other Vata Roga

सेवन विधि और मात्रा Dosage of Amavatari Ras

  • 1-2 गोली, दिन में दो बार लें।
  • इसे गर्म पानी या दशमूल काढ़े/रस्नादी काढ़े/अरंड तेल के साथ लें।
  • या डॉक्टर द्वारा निर्देशित रूप में लें।
  • इस दवा के सेवन के दौरान केवल गर्म पानी का प्रयोग करें और शरीर में वायु बढ़ाने वाले खाद्य पदार्थों का सेवन न करें।

इस दवा को ऑनलाइन या आयुर्वेदिक स्टोर से ख़रीदा जा सकता है।

This medicine is manufactured by Baidyanath (Amwatari Ras), Patanjali Divya Pharmacy (Divya Amavatari Ras), and some other Ayurvedic pharmacies.

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